Dani ki kahani - 26 in Hindi Children Stories by Pranava Bharti books and stories PDF | दानी की कहानी - 26

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दानी की कहानी - 26

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बड़े दिन हो गए बच्चों ने दानी की कहानी नहीं सुनी | चलें आज तो उनको कहानी सुनानी ही होगी वरना बच्चे दानी से नाराज़ होने में कहाँ टाइम लगते हैं | मुँह फुलाकर कुप्पा हो जाते हैं |

आज जब बच्चे आए तो दानी मन से तैयार ही बैठी थीं कि इन्हें कहानी सुनाई जाए तो कौनसी ? उन्होंने अपने मन में सोच लिया था कि आज उन्हें नई बात बताएँगी |

"चलो, बहुत दिन हो गए, तुम सबको कहानी सुनाती हूँ |"दानी ने कहा तो बच्चे खिल उठे| "अच्छा बताओ, कौनसी कहानी सुनोगे ?"दानी ने बच्चों के सामने चॉयस परोस दी | बाद में उन्हें लगा कि अगर उन्होंने कोई ऎसी कहानी सुनाने को कह दी जो सुनाने का उनका मन नहीं हो या उनको याद ही न हो तो ?

"ठीक है, आज मुझे एक मज़ेदार बात याद आ रही है, वही सुनाती हूँ लेकिन तुम जानते हो न, मुहावरे क्या होते हैं ?"

"हाँ, दानी, हमें स्कूल में पढ़ाई जाते हैं | " सब एकसाथ बोले |

"अच्छा बताओ, इस मुहावरे का क्या मतलब है ? 'ख़ुदा मेहरबान तो गधा पहलवान '?

" मतलब --अगर भगवान चाहें तो गधा भी मज़बूत हो सकता है | " एक ने कहा |

दानी ज़ोर से हँस पड़ीं |

"पहलवान तो आदमी होता है, गधा नहीं ---" उन्होंने कहा |

"तो फिर दानी ?"

"सोच सकते हो तो सोचो --"

"नहीं, दानी, मुश्किल है |" बच्चों ने एक सुर में अलापा |

"ठीक है, मैं बताती हूँ --खुदा यानि कि भगवान अगर चाहें तो भिखारी के पास भी सब कुछ हो सकता है | उनकी कृपा होनी चाहिए लेकिन साथ में एक बात है जो बहुत कम लोग जानते हैं | दरसल, ये जो गधा है न वह गधा नहीं गदा है | फारसी में गदा का मतलब भिखारी होता है जो बिगड़ते बिगड़ते गधा बन गया | इसका कोई अर्थ ही नहीं होता |जब हम फारसी के गदा का मतलब समझ जाएंगे तब इस मुहावरे का मतलब भी समझ जाएंगे |"

"दानी ! हम तो हनुमानजी की गदा जानते हैं |"

"वही तो --हिंदी में वही गदा होती है लेकिन फ़ारसी में गदा का मतलब जैसे मैंने तुम्हें बताया गरीब है |" दानी ने कहा |

"हाँ, दानी --फिर तो इसका मतलब हुआ कि अगर भगवान चाहें तो गरीब को भी सब कुछ मिल सकता है |"

"हाँ, बिलकुल यही " दानी ने कहा |

बच्चों को एक नई बात पता चली थी और वे बहुत खुश हो गए थे |

दानी जल्दी ही किसी नई बात के साथ आएँगी |

 

डॉ. प्रणव भारती